हिंदू त्योहार और व्रत, आपके शहर के अनुसार तिथियाँ
प्रत्येक पर्व को परिभाषित करने वाली तिथि, नक्षत्र या सूर्य संक्रान्ति से आपके स्थान के लिए दिनांक निकाले जाते हैं; हर त्योहार के पृष्ठ पर नियम और विशेष परिस्थिति में लिया गया निर्णय दिखाया गया है।
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गुरुवार, 1 अक्टूबर 2026 से गुरुवार, 31 दिसंबर 2026 तक · 2 पर्व
अक्टूबर 2026कुल 1
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सोमवार, 26 अक्टूबर 2026
4 दिन पहले इस दिन का पंचांग: 26/10/2026 (सोम)
दिसंबर 2026कुल 1
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बुधवार, 23 दिसंबर 2026
दत्त जयन्ती
क्षेत्रीय पर्व: महाराष्ट्र, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, गोवा, गुजरात
- प्रदोष काल से 2 घं 44 मि
54 दिन बाद इस दिन का पंचांग: 23/12/2026 (बुध)
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अन्य हिन्दू पंचांग सूचियाँ
व्रत, एकादशी, श्राद्ध, संक्रान्ति और ध्यान रखने योग्य काल — सब आपके स्थान के लिए गणित।
- व्रत तिथियाँअगले 90 दिनों के मासिक और वार्षिक व्रत
- एकादशीवर्ष की सभी एकादशियाँ, पारण समय सहित
- श्राद्ध (पितृ पक्ष)पितृ पक्ष की तिथियाँ, कुतुप और रौहिण सहित
- संक्रान्तिसूर्य की बारह संक्रान्तियाँ और पुण्य काल
- पंचकपंचक काल, सटीक प्रारम्भ और समाप्ति
- भद्राविष्टि करण का समय और भद्रा का वास
- मासिक कैलेंडरतिथि, पर्व और संकेतों सहित मासिक कैलेंडर
ये तिथियाँ कैसे निकाली जाती हैं
प्रत्येक पर्व एक नियम से परिभाषित है (जैसे सूर्योदय, मध्याह्न, प्रदोष या मध्यरात्रि में कौन-सी तिथि व्याप्त होनी चाहिए)। चुने गए स्थान पर जिस दिन यह नियम पूरा होता है, वही दिन लिया जाता है; तिथि दो दिन आवश्यक काल में व्याप्त हो तो उस पर्व का निर्णय नियम लगाया जाता है और उसका उल्लेख किया जाता है।
परम्पराएँ क्षेत्र और पंचांग पद्धति के अनुसार भिन्न हो सकती हैं। समय चयनित स्थान, समय क्षेत्र और गणना प्रोफ़ाइल के अनुसार दिखाए गए हैं।