इंदौर ठिकाण बदला
इंदौर पंचांग सोमवार, 11 ऑक्टोबर, 2027
आश्विन · शुक्ल पक्ष एकादशी · विक्रम संवत 2084 रौद्र · शालिवाहन शक 1949 प्लवंग · शरद
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सूर्योदय . सूर्यास्त . ब्राह्म मुहूर्त to . राहुकाळ to . यमघंट to . अभिजित मुहूर्त to . गुलिक काळ to . सूर्योदय: एकादशी tithi, धनिष्ठा nakshatra.
पंचांगाची पाच अंगे
- वारसोमवारहिंदू वार, सूर्योदय ते सूर्योदय
- तिथीएकादशीशुक्ल पक्ष · पर्यंत नंतर द्वादशी
- नक्षत्रधनिष्ठापर्यंत नंतर शततारका
- योगशूलपर्यंत नंतर गंड
- करणविष्टी (भद्रा)पर्यंत नंतर बव …
मास, संवत आणि अधिक माहिती
- चांद्र मास
- आश्विन (पौर्णिमान्त)
- संवत
- विक्रम संवत 2084 · शालिवाहन शक 1949
- संवत्सर
- रौद्र (North Indian) · प्लवंग (South Indian) (North Indian: Jupiter (Barhaspatya) cycle, the name current at Mesha Sankranti; South Indian: 60-year cycle with the Shaka era)
- ऋतू
- शरद
- अयन
- दक्षिणायन (दृक् / सायन)
- सूर्य राशी (निरयन)
- कन्या
- चंद्र राशी (निरयन)
- कुंभ
सण आणि व्रते
- पापांकुशा एकादशी
- पारणा to
सूर्य आणि चंद्र
- सूर्योदय
- सूर्यास्त
- चंद्रोदय
- चंद्रास्त
- सौर मध्याह्न (मध्याह्न रेखा)
- दिनमान11 ता 43 मि
- रात्रिमान12 ता 17 मि
- सूर्योदयाच्या वेळी चंद्राचा प्रकाशित भाग81% (अंदाजे)
शुभ काळ
| काळ | वेळ | स्वरूप |
|---|---|---|
| ब्राह्म मुहूर्त | to 0 ता 49 मि | शुभ |
| अभिजित मुहूर्त | to 0 ता 47 मि | शुभ |
| विजय मुहूर्त | to 0 ता 47 मि | शुभ |
अशुभ काळ
| काळ | वेळ | स्वरूप |
|---|---|---|
| राहुकाळ | to 1 ता 28 मि | अशुभ |
| यमघंट | to 1 ता 28 मि | अशुभ |
| दुर्मुहूर्त | to 0 ता 47 मि | अशुभ |
| गुलिक काळ | to 1 ता 28 मि | अशुभ |
| दुर्मुहूर्त | to 0 ता 47 मि | अशुभ |
| वर्ज्य | to 1 ता 46 मि | अशुभ |
पंचक, भद्रा आणि विशेष योग
पंचक आहे
- to
चंद्र कुंभ/मीन राशीत (धनिष्ठा तिसरे चरण ते रेवती)
पारंपरिक प्रकार: रोग पंचक (रविवारी सुरू)
पंचकाचा कालावधी ही खगोलीय वस्तुस्थिती आहे (चंद्राची स्थिती). त्याच्याशी जोडलेले निर्बंध — जसे दक्षिणेकडील प्रवास, छप्पर घालणे, लाकूड गोळा करणे किंवा उपायांशिवाय काही अंत्यविधी टाळणे — पारंपरिक आहेत आणि समाजानुसार भिन्न असतात. अधिक जाणून घ्या
भद्रा (विष्टी करण) आहे
- to
वास: पाताळ; बदलून भूलोक (पृथ्वी) पासून
भद्रा म्हणजे विष्टी करण (गणना केलेली अर्धी तिथी). अनेक परंपरा भद्रेच्या काळात शुभ कार्यांचा आरंभ टाळतात, विशेषतः तिचा वास पृथ्वीवर असताना (चंद्र कर्क, सिंह, कुंभ किंवा मीन राशीत); काही परंपरा तिचा वास स्वर्ग किंवा पाताळात असताना कार्ये करण्यास अनुमती देतात. अधिक जाणून घ्या
विशेष योग 1
- रवियोग
to
चौघडिया
- शुभ अमृत
- चांगले लाभ · शुभ
- तटस्थ चल
- अशुभ उद्वेग · काळ · रोग
| # | चौघडिया | वेळ | स्वरूप |
|---|---|---|---|
| 1 | अमृत | to | शुभ |
| 2 | काळ | to | अशुभ |
| 3 | शुभ | to | चांगले |
| 4 | रोग | to | अशुभ |
| 5 | उद्वेग | to | अशुभ |
| 6 | चल | to | तटस्थ |
| 7 | लाभ | to | चांगले |
| 8 | अमृत | to | शुभ |
| # | चौघडिया | वेळ | स्वरूप |
|---|---|---|---|
| 1 | चल | to | तटस्थ |
| 2 | रोग | to | अशुभ |
| 3 | काळ | to | अशुभ |
| 4 | लाभ | to | चांगले |
| 5 | उद्वेग | to | अशुभ |
| 6 | शुभ | to | चांगले |
| 7 | अमृत | to | शुभ |
| 8 | चल | to | तटस्थ |
तिथी, नक्षत्र, योग आणि करण
तिथी
- एकादशी (शुक्ल पक्ष) पर्यंत (पासून )
- द्वादशी (शुक्ल पक्ष) पर्यंत (पासून )
नक्षत्र
- धनिष्ठा पर्यंत (पासून )
- शततारका पर्यंत (पासून )
नक्षत्र चरण
- धनिष्ठा चरण 3 पर्यंत
- धनिष्ठा चरण 4 पर्यंत
- शततारका चरण 1 पर्यंत
- शततारका चरण 2 पर्यंत
- शततारका चरण 3 पर्यंत
योग
- शूल पर्यंत (पासून )
- गंड पर्यंत (पासून )
करण
- विष्टी (भद्रा) पर्यंत (पासून )
- बव पर्यंत (पासून )
- बालव पर्यंत (पासून )
दिवसाचे विभाग
| काळ | वेळ | स्वरूप |
|---|---|---|
| प्रातः संध्या | to 1 ता 14 मि | तटस्थ |
| मध्याह्न | to 2 ता 21 मि | तटस्थ |
| अपराह्ण | to 2 ता 21 मि | तटस्थ |
| सायं संध्या | to 1 ता 14 मि | तटस्थ |
| प्रदोषकाळ | to 2 ता 27 मि | तटस्थ |
| निशीथकाळ | to 0 ता 49 मि | तटस्थ |
होरा
सर्व 24 होरा दाखवा
| # | होरा | वेळ | स्वरूप |
|---|---|---|---|
| 1 | चंद्र | to | चांगले |
| 2 | शनि | to | अशुभ |
| 3 | गुरु | to | शुभ |
| 4 | मंगळ | to | अशुभ |
| 5 | सूर्य | to | तटस्थ |
| 6 | शुक्र | to | चांगले |
| 7 | बुध | to | चांगले |
| 8 | चंद्र | to | चांगले |
| 9 | शनि | to | अशुभ |
| 10 | गुरु | to | शुभ |
| 11 | मंगळ | to | अशुभ |
| 12 | सूर्य | to | तटस्थ |
| 13 | शुक्र | to | चांगले |
| 14 | बुध | to | चांगले |
| 15 | चंद्र | to | चांगले |
| 16 | शनि | to | अशुभ |
| 17 | गुरु | to | शुभ |
| 18 | मंगळ | to | अशुभ |
| 19 | सूर्य | to | तटस्थ |
| 20 | शुक्र | to | चांगले |
| 21 | बुध | to | चांगले |
| 22 | चंद्र | to | चांगले |
| 23 | शनि | to | अशुभ |
| 24 | गुरु | to | शुभ |
आजची भक्ती
आज Monday (Somvar) आहे.
- Vishnu Gayatri (Narayana Gayatri)
- ॐ जय जगदीश हरे
- Govindashtakam
- Apavitrah Pavitro Va (purification verse)
सूचना दिवसाच्या सर्वमान्य पारंपरिक संबंधांवर आणि आजच्या सण-व्रतांवर आधारित आहेत; कोणतीही साधना अनिवार्य नाही. आपल्या परंपरेचे पालन करा. भक्ती
गणना सेटिंग्ज / परंपरा
Ayanamsa लाहिरी (समायोजित) 24°15′04″ · ephemeris astronomy-engine 2.1.19 · profile north-lahiri-calibrated v1 · engine 1.4.2
परंपरा प्रदेश आणि पंचांग पद्धतीनुसार भिन्न असू शकतात. वेळा निवडलेल्या ठिकाण, वेळ क्षेत्र आणि गणना प्रोफाइलसाठी दाखवल्या आहेत.